फायर सेफ्टी पर यूपी सरकार सख्त, मिर्जापुर-मुजफ्फरनगर के होटलों और गेस्ट हाउसों का औचक निरीक्षण

मिर्जापुर/मुजफ्फरनगर, 4 जून (आईएएनएस)। दिल्ली में हालिया होटल अग्निकांड के बाद उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर और मुजफ्फरनगर जिले में प्रशासन सतर्क हो गया है। संभावित अग्निकांड को रोकने के लिए प्रशासन और अग्निशमन विभाग ने संयुक्त रूप से होटलों, गेस्ट हाउसों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में विशेष जांच अभियान शुरू कर दिया है।
अग्निशमन अधिकारी के नेतृत्व में दमकल विभाग की टीम ने शहर के प्रमुख होटलों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान सिटी मजिस्ट्रेट भी मौजूद रहे। अधिकारियों ने फायर अलार्म सिस्टम, अग्निशमन यंत्र, इमरजेंसी एग्जिट, फायर फाइटिंग उपकरण, बिजली व्यवस्था और आपातकालीन निकासी के इंतजामों की बारीकी से जांच की।
टीम ने यह भी देखा कि आपात स्थिति में होटल प्रबंधन और कर्मचारी कितनी प्रभावी तरीके से प्रतिक्रिया दे सकते हैं तथा उनके पास पर्याप्त संसाधन और प्रशिक्षण उपलब्ध है या नहीं। कई जगहों पर कर्मचारियों को फायर सेफ्टी संबंधी दिशा-निर्देश दिए गए।
सिटी मजिस्ट्रेट ने साफ चेतावनी दी कि जनपद में किसी भी होटल, गेस्ट हाउस या व्यावसायिक प्रतिष्ठान को फायर सेफ्टी नियमों की अनदेखी करने की अनुमति नहीं दी जाएगी। सुरक्षा मानकों में कोई कमी पाए जाने पर संबंधित संस्थान के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
मिर्जापुर के मुख्य अग्निशमन अधिकारी सौरभ कुमार सिंह ने कहा, “विध्यांचल माता मंदिर के कारण यहां हमेशा बड़ी संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक आते रहते हैं। इसलिए हमने प्रशासन के साथ मिलकर होटलों, गेस्ट हाउसों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में विशेष जांच अभियान शुरू किया है। यह अभियान अभी भी जारी है। जहां भी फायर सेफ्टी का पालन नहीं हो रहा, वहां सख्त कार्रवाई की जाएगी।”
मुजफ्फरनगर के अग्निशमन अधिकारी अनुराग सिंह ने बताया कि यह अभियान केवल औपचारिक निरीक्षण भर नहीं है, बल्कि लोगों की जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में एक गंभीर कदम है। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में शहर के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों के विभिन्न प्रतिष्ठानों की जांच जारी रहेगी। सभी को सुरक्षा मानकों का पालन अनिवार्य रूप से सुनिश्चित करना होगा।
उन्होंने कहा कि दिल्ली में हुए भीषण अग्निकांड के बाद उत्तर प्रदेश प्रशासन किसी भी प्रकार का जोखिम नहीं लेना चाहता। दोनों जिलों में सुरक्षा व्यवस्थाओं की समीक्षा की जा रही है। फायर नॉर्म्स, इमारती सुरक्षा और स्टाफ ट्रेनिंग पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है, ताकि भविष्य में किसी बड़े हादसे को रोका जा सके।
प्रशासन ने सभी होटल और गेस्ट हाउस मालिकों से अपील की है कि वे स्वयं फायर सेफ्टी ऑडिट कराएं और किसी भी प्रकार की लापरवाही से बचें। अभियान के दौरान पाए गए उल्लंघनों पर नोटिस जारी किए जा रहे हैं और दोषी पाए जाने पर लाइसेंस निलंबन या रद्द करने की भी चेतावनी दी गई है।
–आईएएनएस
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