आखिर कैसे देंगे महिलाओं को आरक्षण, इसे लेकर साफ होनी चाहिए पूरी स्थिति : जूही सिंह


लखनऊ, 15 अप्रैल (आईएएनएस)। समाजवादी महिला सभा की राष्ट्रीय अध्यक्ष जूही सिंह ने कहा कि महिला आरक्षण बिल पास हो चुका है। जिसका समाजवादी पार्टी ने भी समर्थन किया था। अब इसे संशोधन करके चर्चा के लिए सदन में पेश किया जा रहा है, जिसके यह जानने की कोशिश की जा रही है कि आखिर इसे सदन में कैसे लागू किया जाए?

उन्होंने बुधवार को समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत में कहा कि दावा किया जा रहा है कि 2011 के जनगणना के आधार पर महिलाओं को आरक्षण दिया जाएगा। आपने एसआईआर की प्रक्रिया को महज दो महीने के भीतर पूरा कर लिया था। लेकिन, अब जनगणना की बात हो रही है, तो आप कुछ भी नहीं कर रहे हैं। अगर आप चाहे तो इस मामले में निर्धारित समय में जनगणना को पूरा करके समाज के शोषित वर्ग की महिलाओं को आरक्षण दिलाने की दिशा में कदम बढ़ा सकते हैं। लेकिन, यह अफसोस की बात है कि आप इस दिशा में किसी भी प्रकार का कदम नहीं उठा रहे हैं।

उन्होंने मौजूदा सरकार को संवेदनहीन बताते हुए कहा कि मेहरबानी करके महिलाओं का अपने राजनीतिक समृद्धि के लिए बिल्कुल भी इस्तेमाल नहीं करें। अगर आप सच में महिलाओं का सशक्तिकरण चाहते हैं, तो इस दिशा में कदम बढ़ाएं और किसी भी प्रकार की कोताही नहीं बरते। अगर आप ऐसा करेंगे, तो इस तरह से स्थिति पेचीदा हो जाती है।

उन्होंने कहा कि हम इस बात की वकालत करते हैं कि महिलाओं को 33 फीसदी आरक्षण मिलना चाहिए। हमें इससे कोई आपत्ति नहीं है। हमारा सीधा सा सवाल है कि आखिर किस आधार पर ये लोग महिलाओं को आरक्षण देंगे। आप कह रहे हैं कि हम 2011 के आधार पर आरक्षण देंगे, तो आखिर इसकी पूरी रूपरेखा क्या होगी। क्या आपने इस संबंध में किसी भी प्रकार का मसौदा तैयार किया है। यह बात भी साफ होनी चाहिए कि आप किस तरह से सदन में सीटें बढ़ाएंगे। इस दिशा में भी पूरी रूपरेखा तैयार होनी चाहिए। इस बारे में भी आपको पूरा रूख साफ करना चाहिए। इस पूरे मामले में कुल मिलाकर हमारा यही कहना है कि किसी भी राज्य की महिला के साथ अन्याय नहीं हो। उनके हितों पर कुठाघात नहीं हो। लेकिन, अगर आप महिलाओं को आरक्षण देने की बात कर रहे हैं, तो यह भी साफ होना चाहिए कि आप किस आधार पर इस दिशा में कदम बढ़ाएंगे। इसे लेकर भी सरकार को पूरा रुख साफ करना चाहिए। इस संबंध में किसी भी प्रकार की पशोपेश की स्थिति नहीं अपनाई जानी चाहिए।

इसके अलावा, सबरीमाला प्रकरण पर भी जूही सिंह ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि यह आस्था का विषय है। ऐसी स्थिति में इसे लेकर कोर्ट की तरफ से जो भी फैसला आता है, हमें उसे स्वीकार करना चाहिए। सुप्रीम कोर्ट का निर्णय हम सभी को मान्य ही होता है।

उन्होंने सम्राट चौधरी को मिले सीएम पद की कमान पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार को अब राज्यसभा चले गए। लेकिन, इस बात को खारिज नहीं किया जा सकता है कि प्रदेश की जनता ने अपना जनादेश नीतीश कुमार के पक्ष में दिया था। ऐसी स्थिति में नीतीश कुमार का राज्यसभा में चले जाना और सीएम पद की जिम्मेदारी सम्राट चौधरी को दिया जाना, निश्चित तौर पर इस तरह की स्थिति को बिहार कि जनता किसी भी कीमत पर स्वीकार करने वाली नहीं है। मुझे पूरा विश्वास है कि बिहार की जनता आगामी दिनों में इसका जवाब भाजपा को जरूर देगी।

साथ ही, जूही सिंह ने पश्चिम एशिया चल रहे तनाव पर भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि हम सभी लोग यहां पर शांति की पैरोकारी करते हैं। हम सभी शांति के पक्षधर हैं, क्योंकि मौजूदा तनाव की वजह से लोगों को विभिन्न प्रकार की समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। ऐसी स्थिति में हमारे लिए यह जरुरी हो जाता है कि इस पूरे क्षेत्र में शांति स्थापना की दिशा में कदम बढ़ाया जाए, ताकि मौजूदा स्थिति अनुकूल हो सके।

–आईएएनएस

एमएस/


Show More
Back to top button