छत्तीसगढ़ में कम्प्रेस्ड बायो गैस के उत्पादन के लिए हुआ एमओयू

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रायपुर, 13 मार्च (आईएएनएस)। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में कम्प्रेस्ड बायो गैस के उत्पादन के लिए एमओयू साइन किया गया है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और उप मुख्यमंत्री अरुण साव की उपस्थिति में एमओयू पर हस्ताक्षर हुए।

राज्य में बायो फ्यूल विकास प्राधिकरण द्वारा नगरीय ठोस अपशिष्ट से जैव ईंधन के उत्पादन की अपार संभावनाओं को देखते हुए इसके लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। इसी के चलते भारत पेट्रोलियम कार्पोरेशन लिमिटेड ने रायपुर और भिलाई में कम्प्रेस्ड बायो गैस संयंत्र की स्थापना की इच्छा जाहिर की थी।

भारत सरकार के उपक्रम भारत पेट्रोलियम कार्पोरेशन लिमिटेड तथा राज्य के नगर पालिका निगम, रायपुर और भिलाई तथा छत्तीसगढ़ बायो फ्यूल विकास प्राधिकरण के बीच यह त्रिपक्षीय करार हुआ है।

इस एमओयू के मुताबिक, राज्य में इन दो संयंत्रों में लगभग 100 करोड़ रुपए का निवेश भारत पेट्रोलियम कार्पोरेशन लिमिटेड द्वारा किया जाएगा। प्रत्येक संयंत्र की क्षमता 100 से 150 टीपीटी होगी।

इस एमओयू से राज्य में लगभग 200 से 250 मीट्रिक टन नगरीय ठोस अपशिष्ट का उपयोग प्रतिदिन जैव ईंधन के उत्पादन में किया जाएगा।

संयंत्र के निर्माण के दौरान भी बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर पैदा होंगे। इससे राज्य में प्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष रूप से लगभग 60 हजार मानव दिवस प्रतिवर्ष रोजगार का सृजन होगा।

बताया गया है कि सभी कम्प्रेस्ड बायो गैस संयंत्रों में पूर्ण क्षमता से उत्पादन एवं विक्रय होने पर राज्य को प्रतिवर्ष 20 लाख रुपए का जीएसटी प्राप्त होगा। संयंत्र में सह-उत्पाद के रूप में जैविक खाद होगा। इससे छत्तीसगढ़ में जैविक खेती को प्रोत्साहन मिलेगा।

–आईएएनएस

एसएनपी/एसकेपी

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