वैश्विक अस्थिरता के चलते अगले हफ्ते सेंसेक्स-निफ्टी सीमित दायरे में कारोबार कर सकते हैं: मार्केट एक्सपर्ट्स


मुंबई, 31 मई (आईएएनएस)। वैश्विक अस्थिरता के चलते अगले हफ्ते सेंसेक्स-निफ्टी में दबाव देखने को मिल सकता है अगर वह अपने अहम रुकावट के स्तर को तोड़ते नहीं है। यह बयान मार्केट एक्सपर्ट्स की ओर से रविवार को दिया गया।

विश्लेषकों का कहना है कि एमएससीआई सूचकांक के पुनर्संतुलन के चलते शुक्रवार के कारोबारी सत्र के अंतिम 30 मिनटों में अस्थिरता देखी गई, जिससे दिन के अंत में शेयरों में भारी गिरावट आई।

टेक्निकल आउटलुक पर विशेषज्ञों ने कहा कि सेंसेक्स में नकारात्मक रुझान बना हुआ है क्योंकि निवेशक सतर्क बने हुए है और उच्च स्तर पर खरीदारी का रुझान कमजोर है।

एक विश्लेषक ने कहा, “टेक्निकल तौर पर, सेंसेक्स में तात्कालिक रुकावट का स्तर 75,800-76,000 के क्षेत्र के पास है, जबकि 76,500-76,700 का दायरा एक प्रमुख प्रतिरोध और आपूर्ति क्षेत्र बना हुआ है।”

एक अन्य विश्लेषक ने आगे कहा,“गिरावट की स्थिति में तात्कालिक सपोर्ट 74,500-74,200 के क्षेत्र में देखा जा रहा है। इस क्षेत्र से ऊपर बने रहना और अधिक कमजोरी को रोकने के लिए महत्वपूर्ण होगा, जबकि इसके नीचे निर्णायक रूप से टूटने से गिरावट का दबाव बढ़ सकता है।”

इस बीच, अमेरिका-ईरान समझौते की संभावना को लेकर अनिश्चितता और शुक्रवार को कारोबार बंद होने के बाद प्रभावी हुए एमएससीआई पुनर्संतुलन से जुड़ी अस्थिरता के बीच, अंतिम घंटे में भारी बिकवाली के कारण बाजार में भारी गिरावट दर्ज की गई।

अधिकांश कारोबारी सत्र के दौरान, सेंसेक्स और निफ्टी सीमित दायरे में ही रहे क्योंकि निवेशक सतर्कता बरतते हुए किनारे पर बने रहे।

हालांकि, कारोबार बंद होने के समय बाजार का सेंटिमेंट तेजी से कमजोर हुआ, जिससे सभी क्षेत्रों में भारी बिकवाली का दबाव बढ़ गया।

30 शेयरों वाला सेंसेक्स 1,092 अंक या 1.44 प्रतिशत गिरकर 74,775.74 पर बंद हुआ, जबकि दिन के दौरान इसमें लगभग 1,300 अंकों की गिरावट आई थी।

निफ्टी में भी भारी गिरावट आई और यह 359 अंक या 1.50 प्रतिशत गिरकर 23,547.75 पर बंद हुआ, जबकि दिन के दौरान इसका निचला स्तर 23,485 था।

–आईएएनएस

एबीएस


Show More
Back to top button