सीएसके में कैसे हुई थी अश्विन की एंट्री? पूर्व स्पिनर ने साझा किया दिलचस्प किस्सा

नई दिल्ली, 8 मई (आईएएनएस)। भारत के पूर्व स्पिन गेंदबाज रविचंद्रन अश्विन ने अपने आईपीएल करियर और चेन्नई सुपर किंग्स (सीएसके) के साथ शुरुआती दिनों को याद करते हुए एक दिलचस्प किस्सा साझा किया। अश्विन ने बताया कि जब 2009 की नीलामी में सीएसके ने श्रीलंका के महान स्पिनर मुथैया मुरलीधरन को टीम में शामिल किया, तब उन्हें लगा था कि अब उनके लिए टीम में जगह बनाना मुश्किल हो जाएगा।
चेन्नई के रहने वाले 39 वर्षीय अश्विन ने अपनी घरेलू फ्रेंचाइजी, चेन्नई सुपर किंग्स, के साथ आईपीएल में अपना सफर शुरू किया था और दो खिताब भी जीते। 2025 की नीलामी में अश्विन की घर वापसी हुई और उन्हें सीएसके ने 9.75 करोड़ रुपये में खरीदा। वहीं, 2026 के सीजन की शुरुआत से पहले अश्विन ने अपने रिटायरमेंट का ऐलान किया।
अश्विन ने सीएसके में अपने चयन का रास्ता बनाने का श्रेय अपने दिवंगत गुरु वीबी चंद्रशेखर को भी दिया। उन्होंने ‘जियोस्टार’ के साथ बात करते हुए बताया, “मैं उनका हमेशा शुक्रगुजार रहूंगा। लोग आपकी जिंदगी में आते हैं, आपके लिए एक रास्ता बनाते हैं, और फिर आगे बढ़ जाते हैं और मेरे लिए वह इंसान वीबी चंद्रशेखर थे। वह अब हमारे बीच नहीं हैं और उनकी जिंदगी बहुत जल्दी चली गई। चेन्नई के लीग क्रिकेट में, मैं पचायप्पा के मैदान पर एमआरएफ के खिलाफ केमप्लास्ट के लिए खेल रहा था, जब टी20 फॉर्मेट नया था और लोगों को लगता था कि स्पिनरों का कोई रोल नहीं है, खासकर फिंगर स्पिनरों का।”
उन्होंने आगे कहा, “ऑक्शन के दौरान सीएसके ने पहले ही मुथैया मुरलीधरन को चुन लिया था, और मुझे लगा कि मेरे मौके चले गए। फिर चेपॉक के मैदान में उसी टूर्नामेंट का फाइनल आया, यह केमप्लास्ट बनाम इंडिया सीमेंट्स था, जिसके पास सीएसके का मालिकाना हक था। मैंने 6 विकेट झटके। काशी विश्वनाथन और क्रिस श्रीकांत वहां थे, और जब मुझे प्लेयर ऑफ द मैच मिला, तो श्रीकांत ने कहा कि क्या सीएसके ने तुम्हें नहीं चुना? अरे काशी, उसे ले लो, तुम्हें अच्छे खिलाड़ी चुनने चाहिए।”
इसके अगले दिन अश्विन को वीबी चंद्रशेखर का फोन आया। अश्विन ने बताया कि वीबी चंद्रशेखर ने उन्हें कहा था कि वह पिछले पांच साल से उनके खेल को देख रहे हैं और उनमें आगे बढ़ने की क्षमता है। इसके बाद उन्हें सीएसके का कॉन्ट्रैक्ट मिला और यहीं से उनके आईपीएल सफर की शुरुआत हुई।
अश्विन ने कहा कि वह सीएसके के खेमे में वापसी करने के बाद अगले दो से तीन साल इसी टीम के साथ खेलना चाहते थे, लेकिन ऐसा हो नहीं सका। उन्होंने कहा, “जब मुझे सीएसके के लिए दोबारा खेलने का मौका मिला, तो पहला ख्याल यही था कि मैं अपने करियर का अंत वहीं कर सकता हूं, जहां से शुरू किया था। मेरा इरादा 2-3 साल खेलने का था। ऐसा नहीं हुआ, वो अलग कहानी है। मेरा एक और छोटा सा सपना था कि मैं अपने आईपीएल करियर का अंत चेपॉक स्टेडियम में खत्म कर सकूं, लेकिन ऐसा नहीं हो सका।”
–आईएएनएस
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