बिहार: दीपक प्रकाश के मंत्री पद पर खतरा, एमएलसी की एक सीट न मिलने पर उपेंद्र कुशवाहा बोले- 'यह सवाल तो उनसे पूछिए'


पटना, 8 जून (आईएएनएस)। बिहार में होने वाले विधान परिषद की 10 सीटों पर होने वाले चुनाव के लिए एनडीए ने राष्ट्रीय लोक मोर्चा के दीपक प्रकाश को उम्मीदवार नहीं बनाया। बिहार के मंत्री दीपक प्रकाश फिलहाल किसी भी सदन के सदस्य नहीं हैं। ऐसे में उनके मंत्री पद पर भी खतरा मंडरा रहा है।

इस बीच, राष्ट्रीय लोक मोर्चा (आरएलएम) के प्रमुख उपेंद्र कुशवाहा ने साफ कहा कि सीट नहीं मिलने को लेकर सवाल उनसे पूछा जाना चाहिए। इस सवाल का जवाब मैं कैसे दे सकता हूं? पूर्व केंद्रीय मंत्री उपेंद्र कुशवाहा ने जिन लोगों ने सोमवार को नामांकन दाखिल किया, उन्हें शुभकामना भी दी है।

उन्होंने कहा कि एनडीए की ओर से जिन लोगों ने नामांकन भरा है, सब लोगों की जीत की गारंटी भी है। सब लोग निर्विरोध चुने जाएंगे। दीपक प्रकाश के मंत्री बने रहने से जुड़े एक सवाल पर उन्होंने कहा कि एनडीए के नेताओं ने मिलकर दीपक प्रकाश को मंत्री बनाया था, जब तक के लिए बनाया है, मंत्री बने रहेंगे। किसी भी सदन के सदस्य न होने को लेकर उन्होंने कहा कि जिस दिन मंत्री पद की शपथ ली थी, उस दिन भी वे किसी सदन के सदस्य नहीं थे, आज भी नहीं हैं।

इधर, उपेंद्र कुशवाहा की पार्टी के विधायक माधव आनंद ने इस मामले को लेकर कहा कि एनडीए एकजुट है। उन्होंने सीट नहीं मिलने पर कहा कि यह पार्टी नेतृत्व का मामला है। बिहार विधान परिषद (एमएलसी) चुनाव को लेकर सोमवार को जदयू के निशांत कुमार सहित एनडीए के सभी नौ उम्मीदवारों ने नामांकन दाखिल कर दिया।

नामांकन दाखिल करने के अंतिम दिन सोमवार को राजद के सुनील सिंह ने भी पर्चा भरा। आवश्यकता पड़ी तो विधान परिषद की नौ सीट के लिए द्विवार्षिक चुनाव 18 जून को प्रस्तावित है। इसके साथ ही पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के राज्यसभा सदस्य बनने के बाद रिक्त हुई एक सीट पर उपचुनाव भी कराया जा रहा है। इस चुनाव के लिए सोमवार को नामांकन की आखिरी तारीख थी।

–आईएएनएस

एमएनपी/डीकेपी


Show More
Back to top button