भारत और इजिप्ट के बीच रणनीतिक साझेदारी मजबूत, 2030 तक 12 अरब डॉलर व्यापार का लक्ष्य

मुंबई, 7 मई (आईएएनएस)। भारत और मिस्र (इजिप्ट) के बीच व्यापार और निवेश संबंध लगातार मजबूत होते जा रहे हैं। मुंबई के वर्ल्ड ट्रेड सेंटर में आयोजित बिजनेस डेलिगेशन मीटिंग में दोनों देशों के प्रतिनिधियों ने व्यापार, निवेश, पर्यटन, ऊर्जा और फार्मास्युटिकल जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया। इस दौरान दोनों देशों ने आने वाले वर्षों में द्विपक्षीय व्यापार को 12 अरब डॉलर तक पहुंचाने का लक्ष्य भी दोहराया।
न्यूज एजेंसी आईएएनएस से बात करते हुए मुंबई स्थित इजिप्ट की महावाणिज्य दूत डाहलिया मोहम्मद नाजिह मोहम्मद तवाकोल ने कहा कि भारत और इजिप्ट के बीच ऐतिहासिक और मजबूत द्विपक्षीय संबंध रहे हैं। उन्होंने वर्ल्ड ट्रेड सेंटर मुंबई में आयोजित ‘डूइंग बिजनेस विद इजिप्ट’ कार्यक्रम के लिए डॉ. विजय कलंत्री का आभार व्यक्त किया और कहा कि यह आयोजन दोनों देशों के व्यापारिक रिश्तों को नई दिशा देगा।
उन्होंने कहा कि भारत और इजिप्ट ने आने वाले कुछ वर्षों में आपसी व्यापार को 12 अरब डॉलर तक पहुंचाने का लक्ष्य तय किया है। जून 2023 में दोनों देशों के बीच रणनीतिक साझेदारी समझौता हुआ था, जबकि अक्टूबर 2025 में नई दिल्ली में रणनीतिक संवाद भी आयोजित किया गया था। इन पहलों से दोनों देशों के बीच सहयोग लगातार मजबूत हो रहा है।
डाहलिया तवाकोल ने कहा कि ऊर्जा, पर्यटन, कृषि, फार्मास्युटिकल और ऑटोमोबाइल जैसे क्षेत्रों में भारत और इजिप्ट के बीच सहयोग की अपार संभावनाएं हैं। उन्होंने विशेष रूप से सूएज नहर आर्थिक क्षेत्र का उल्लेख करते हुए कहा कि यह क्षेत्र वैश्विक व्यापार का बड़ा केंद्र बन रहा है और भारतीय कंपनियों के लिए निवेश और व्यापार के कई अवसर उपलब्ध हैं।
उन्होंने आगे कहा कि दोनों देशों के बीच सांस्कृतिक और पर्यटन आदान-प्रदान भी तेजी से बढ़ रहा है। इसके अलावा फार्मास्युटिकल सेक्टर में भी द्विपक्षीय सहयोग की काफी संभावनाएं हैं। इजिप्ट से स्ट्रॉबेरी, अंगूर, उर्वरक और इलेक्ट्रॉनिक वायर जैसे उत्पादों के निर्यात को बढ़ाने पर भी जोर दिया जा रहा है। उन्होंने बताया कि इस क्षेत्र में कई इजिप्ट की कंपनियां तेजी से काम कर रही हैं।
वहीं, एमवीआईआरडीसी वर्ल्ड ट्रेड सेंटर मुंबई के चेयरमैन विजय कलंत्री ने आईएएनएस से बात करते हुए कहा कि वर्तमान में भारत और इजिप्ट के बीच लगभग 5 अरब डॉलर का व्यापार हो रहा है और दोनों देश इसे 2030 तक बढ़ाकर 12 अरब डॉलर तक ले जाने की दिशा में काम कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि फार्मास्युटिकल, केमिकल, टेक्सटाइल और कई अन्य क्षेत्रों में व्यापार बढ़ाने की जबरदस्त संभावनाएं हैं। भारतीय कंपनियां भी इजिप्ट में निवेश कर रही हैं और इससे दोनों देशों के आर्थिक संबंध और मजबूत होंगे।
कलंत्री ने कहा कि पर्यटन भी दोनों देशों के बीच सहयोग का एक बड़ा माध्यम बन सकता है। जब व्यापार के साथ संस्कृति और पर्यटन जुड़ते हैं, तो आर्थिक रिश्ते और तेजी से आगे बढ़ते हैं। भारत और इजिप्ट लंबे समय से रणनीतिक साझेदार रहे हैं और दोनों देशों के बीच संबंध लगातार मजबूत हो रहे हैं।
उन्होंने आगे यह भी कहा कि भारत और इजिप्ट के बीच व्यापार करने में किसी तरह की बड़ी बाधा नहीं है। कुछ लॉजिस्टिक चुनौतियां जरूर आती हैं, लेकिन उन्हें तेजी से हल किया जा रहा है। वीजा प्रक्रिया, माल ढुलाई और लोगों की आवाजाही को भी आसान बनाया जा रहा है, जिससे भविष्य में व्यापार और निवेश के नए अवसर पैदा होंगे।
–आईएएनएस
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