असम में बढ़ेगी रेल कनेक्टिविटी, पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन जल्द होगी शुरू: सीएम हिमंत बिस्वा सरमा

गुवाहाटी, 15 जनवरी (आईएएनएस)। असम के लिए रेल कनेक्टिविटी के लिहाज से यह सप्ताह बेहद खास रहने वाला है। मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने गुरुवार को कहा कि राज्य को रेलवे नेटवर्क में बड़ी मजबूती मिलने जा रही है। असम को जहां दो नई अमृत भारत ट्रेनें मिलने वाली हैं, वहीं देश की पहली वंदे भारत स्लीपर कोच ट्रेन भी यहीं से शुरू होने जा रही है। इसे पूर्वोत्तर और देश के अन्य हिस्सों को जोड़ने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट कर जानकारी दी कि इस सप्ताह असम को रेलवे कनेक्टिविटी में बड़ा बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने लिखा कि भारत की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन गुवाहाटी और कोलकाता के बीच शुरू होने जा रही है। इसके साथ ही लखनऊ और रोहतक को जोड़ने वाली दो नई अमृत भारत ट्रेनों को भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हरी झंडी दिखाएंगे।
बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 17 जनवरी को गुवाहाटी-कोलकाता के बीच चलने वाली पहली वंदे भारत स्लीपर एक्सप्रेस को रवाना करेंगे। यह लंबी दूरी की रात में चलने वाली ट्रेनों के लिए एक नया अध्याय माना जा रहा है। इससे न केवल यात्रियों को आधुनिक और आरामदायक सफर का अनुभव मिलेगा, बल्कि पूर्वोत्तर भारत और पूर्वी भारत के बीच कनेक्टिविटी भी और मजबूत होगी।
मुख्यमंत्री सरमा ने पहले ही जानकारी दी थी कि प्रधानमंत्री मोदी 17 जनवरी को असम के दौरे पर आएंगे। इस दौरान वे डिब्रूगढ़ से लखनऊ और गुवाहाटी से रोहतक (दिल्ली के रास्ते) जाने वाली नई ट्रेनों को भी रवाना करेंगे। इन ट्रेनों के शुरू होने से असम का सीधा संपर्क देश के प्रमुख शहरों से और बेहतर हो जाएगा, जिससे व्यापार, पर्यटन और रोजगार के अवसर बढ़ने की उम्मीद है।
प्रधानमंत्री के इस दौरे को खास बनाने के लिए असम की सांस्कृतिक झलक भी पेश की जाएगी।
उन्होंने कहा कि इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी पारंपरिक बोडो नृत्य ‘बागुरंबा’ भी देखेंगे। इससे असम की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को राष्ट्रीय मंच पर पहचान मिलेगी। इसके बाद 18 जनवरी को प्रधानमंत्री काजीरंगा जाएंगे, जहां वे एलिवेटेड कॉरिडोर परियोजना का शिलान्यास करेंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री की मौजूदगी यह दिखाती है कि केंद्र सरकार असम के विकास और पर्यावरण के प्रति संवेदनशील बुनियादी ढांचे को लेकर पूरी तरह प्रतिबद्ध है। काजीरंगा से गुजरने वाला एलिवेटेड कॉरिडोर लंबे समय से असम सरकार की एक अहम परियोजना रहा है, जिसका उद्देश्य विकास और वन्यजीव संरक्षण के बीच संतुलन बनाना है। हाल ही में केंद्रीय कैबिनेट से मंजूरी मिलने के बाद अब यह परियोजना तेजी से जमीन पर उतरने की उम्मीद है।
उधर, नॉर्थ ईस्ट फ्रंटियर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी कपिंजल किशोर शर्मा ने बताया कि नई वंदे भारत स्लीपर एक्सप्रेस 16 कोच के साथ चलेगी, जिसमें कुल 823 यात्रियों की क्षमता होगी। इसमें 11 एसी थ्री-टियर, चार एसी टू-टियर और एक फर्स्ट क्लास एसी कोच शामिल होंगे। उन्होंने कहा कि यह ट्रेन यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखकर तैयार की गई है। इसमें आरामदायक बर्थ, बेहतर सस्पेंशन सिस्टम, कम शोर तकनीक, ऑटोमैटिक दरवाजे और आधुनिक पैसेंजर इंफॉर्मेशन सिस्टम जैसी सुविधाएं होंगी।
–आईएएनएस
पीआईएम/डीकेपी