लखनऊ: स्कूलों के बाहर जाम की समस्या से निपटने के लिए पुलिस ने की शिक्षा विभाग के साथ बैठक

लखनऊ, 8 जनवरी (आईएएएस)। लखनऊ हाईकोर्ट के आदेश के बाद स्कूलों के बाहर लगने वाले जाम को खत्म करने के लिए संयुक्त पुलिस आयुक्त (कानून और व्यवस्था) बबलू कुमार ने बैठक बुलाई। इसका मुख्य उद्देश्य छात्र-छात्राओं की सुरक्षा सुनिश्चित करना और स्कूल खुलने व बंद होने के समय यातायात को सुचारू बनाना रहा।
बैठक में शहर के विभिन्न स्कूलों के प्रबंधक, उनके प्रतिनिधि तथा शिक्षा विभाग के अधिकारी मौजूद रहे। बैठक के दौरान संयुक्त पुलिस आयुक्त कानून और व्यवस्था बबलू कुमार ने सभी स्कूलों में नोडल यातायात अधिकारी नियुक्त करने के निर्देश दिए।
उन्होंने स्पष्ट किया कि स्कूल के खुलने और बंद होने के समय यातायात प्रबंधन की पूरी जिम्मेदारी नोडल यातायात अधिकारी की होगी। जिन स्कूलों में अब तक यातायात व्यवस्था सुचारू नहीं है, उन्हें तत्काल कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए गए।
उन्होंने कहा कि छात्र-छात्राओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसके लिए सभी स्कूलों को यातायात व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए ठोस कदम उठाने होंगे। सभी स्कूलों को केन्द्रीयकृत एनाउंसमेंट सिस्टम लगाने के भी निर्देश दिए गए, ताकि अभिभावकों और वाहन चालकों को समय-समय पर आवश्यक सूचनाएं दी जा सकें।
बैठक में यह भी तय हुआ कि स्कूल परिसर में उपलब्ध पार्किंग स्थल का ही उपयोग किया जाएगा और वाहनों को सड़क पर खड़ा करने की अनुमति नहीं होगी। कक्षा पांच तक के बच्चों को जिस वाहन से वे पांच-पांच की संख्या में आते हैं, उन्हें स्कूल परिसर के अंदर ही उतारा जाएगा, जिससे सड़क पर जाम की स्थिति न बने।
जिन स्कूलों के पास अपना पार्किंग स्थल उपलब्ध नहीं है, उन्हें विद्यालय के पास ही उपयुक्त पार्किंग स्थल चिन्हित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही स्कूल प्रबंधन को अभिभावकों को निजी वाहनों के बजाय स्कूल वैन या बस से बच्चों को भेजने के लिए प्रेरित करने को कहा गया, ताकि सड़कों पर वाहनों का दबाव कम हो सके।
बैठक में यह निर्णय भी लिया गया कि सभी स्कूल 10 जनवरी तक यातायात व्यवस्था से संबंधित अपनी कार्ययोजना तैयार करेंगे। इसकी समीक्षा पुलिस, प्रशासन और शिक्षा विभाग की संयुक्त टीम द्वारा की जाएगी, ताकि आदेशों का प्रभावी ढंग से पालन सुनिश्चित किया जा सके।
संयुक्त पुलिस आयुक्त (कानून और व्यवस्था) बबलू कुमार ने कहा कि स्कूलों की तरफ से यातायात को लेकर कोई भी लापरवाही नहीं होनी चाहिए।
–आईएएनएस
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