जनकपुरी घटना पर मृतक कमल की मां शांति बोलीं, 'बेटे ने कहा था कि घर आ रहा है'


नई दिल्ली, 6 फरवरी (आईएएनएस)। दिल्ली के जनकपुरी इलाके से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां सड़क पर खुले छोड़े गए गहरे गड्ढे में गिरने से एक युवक की दर्दनाक मौत हो गई। मृतक की पहचान 28 वर्षीय कमल के रूप में हुई है, जो कैलाशपुरी का रहने वाला था।

इस मामले पर मृतक कमल की मां शांति ने आईएएनएस से बातचीत करते हुए कहा कि ‘उसने ऑफिस से कुछ नहीं बताया, उसने कहा कि वह डिस्ट्रिक्ट सेंटर से घर आ रहा है। उसने मुझे 12 बजे फोन किया और बताया कि वह घर आ रहा है। जब वह घर नहीं आया, तो मैंने उसे फोन किया, लेकिन उसने मेरा फोन नहीं उठाया।

मृतक कमल के भाई मयंक ने कहा कि वह मेरा छोटा भाई था। वह रोहिणी में अपनी शिफ्ट खत्म करके घर आ रहा था, और उसे पालम जाना था। जनकपुरी तक सब ठीक था। जनकपुरी में ही हादसा हुआ। दिल्ली जल बोर्ड का बनाया हुआ एक बड़ा गड्ढा था, और वह उसमें गिर गया। वहां कोई बैरिकेड नहीं थे, कोई चेतावनी नहीं थी, और कोई सुरक्षा उपाय नहीं थे। जनता के लिए कोई निर्देश नहीं थे।

मृतक के भाई ने प्रशासन पर आरोप लगाया कि अधिकारियों की जिम्मेदारी होती है कि जब आप कोई काम कर रहे होते हैं, तो उसे अधूरा नहीं छोड़ना चाहिए। उन्होंने बताया कि मृतक कमल रात 11 बजे तक संपर्क में था। इसके बाद जब उससे संपर्क टूटा, तो हमें अनहोनी की आशंका हुई। फिर उसे काफी ढूंढा, लेकिन वो नहीं मिला।

जनकपुर घटना पर दिल्ली सरकार में मंत्री प्रवेश वर्मा ने संज्ञान लिया।

मंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट कर बताया कि जनकपुरी में उस एक्सीडेंट वाली जगह का दौरा किया, जहां सीवर लाइन का काम चल रहा था। इस दुखद घटना पर गहरा दुख है और हमारी संवेदनाएं पीड़ित परिवार के साथ हैं। एग्जीक्यूटिव इंजीनियर को तुरंत सस्पेंड कर दिया गया है। जिम्मेदार एजेंसी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है। दिल्ली जल बोर्ड ने जिम्मेदारी तय करने के लिए एक हाई-लेवल जांच कमेटी बनाई है। जनकपुरी लाइन रिहैबिलिटेशन प्रोजेक्ट साइट पर हुए दुखद हादसे को गंभीरता से लिया गया है। कमेटी को ये निर्देश दिए गए हैं कि दुर्घटना स्थल का तुरंत निरीक्षण करें, सुरक्षा व्यवस्था, बैरिकेडिंग, साइनेज और ट्रैफिक मैनेजमेंट की समीक्षा करें, सभी सुरक्षा नियमों के पालन की पुष्टि करें, जहां भी लापरवाही पाई जाए, जिम्मेदारी तय करें। सख्त सुधारात्मक और अनुशासनात्मक कार्रवाई की सिफारिश करें शाम तक एक विस्तृत रिपोर्ट मांगी गई है। नागरिकों की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। जवाबदेही तय की जाएगी। ऐसी घटनाओं को दोबारा नहीं होने दिया जाएगा।

–आईएएनएस

डीकेएम/डीकेपी


Show More
Back to top button