गणतंत्र दिवस परेड के सर्वश्रेष्ठ मार्चिंग दस्ते व झांकियों को सम्मान

नई दिल्ली, 30 जनवरी (आईएएनएस)। गणतंत्र दिवस परेड 2026 के दौरान उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली सर्वश्रेष्ठ झांकियों को शुक्रवार को पुरस्कार प्रदान किए। वहीं वाले सशस्त्र बलों, केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों व अन्य सहायक बलों में चुने गए सर्वश्रेष्ठ मार्चिंग दल को भी सम्मानित किया गया।
रक्षा राज्यमंत्री संजय सेठ ने भारतीय नौसेना के मार्चिंग दल को सर्वश्रेष्ठ मार्चिंग टुकड़ी व महाराष्ट्र की झांकी को सर्वश्रेष्ठ झांकी का पुरस्कार दिया। दूसरे नंबर पर जम्मू एवं कश्मीर की झांकी रही। इस झांकी में ‘जम्मू-कश्मीर के हस्तशिल्प और लोकनृत्य’ को दिखाया गया था। तीसरे स्थान पर केरल की झांकी चुनी गई है। केरल की झांकी में ‘वॉटर मेट्रो और 100 प्रतिशत डिजिटल साक्षरता: आत्मनिर्भर भारत के लिए आत्मनिर्भर केरल’ की झलक थी।
रक्षा राज्य मंत्री ने सीएपीएफ व अन्य सहायक बलों में सर्वश्रेष्ठ मार्चिंग टुकड़ी चुनी गई दिल्ली पुलिस की टीम को भी सम्मानित किया। इसके अलावा केंद्रीय मंत्रालयों व विभागों की सर्वश्रेष्ठ झांकी भी चुनी गई है। इस श्रेणी में संस्कृति मंत्रालय की झांकी अव्वल रही। इस झांकी का शीर्षक ‘वंदे मातरम्: एक राष्ट्र की आत्म-ध्वनि’ था। शुक्रवार को इस टीम को भी पुरस्कार प्रदान किया गया।
रक्षा राज्यमंत्री ने सभी विजेता दलों और झांकियों को उनकी अनुकरणीय प्रस्तुति के लिए बधाई दी। उन्होंने कहा कि 26 जनवरी केवल एक राष्ट्रीय पर्व नहीं है, बल्कि यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार के 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए राष्ट्र के संकल्प की पुन पुष्टि का प्रतीक है।
उन्होंने जनमत के मुताबिक चुनी गई शीर्ष तीन झांकियों को भी पुरस्कृत किया। इनमें पहले नंबर पर गुजरात की झांकी ‘स्वदेशी–आत्मनिर्भरता–स्वतंत्रता का मंत्र: वंदे मातरम्’ रही। दूसरे नंबर पर उत्तर प्रदेश की झांकी ‘बुंदेलखंड की संस्कृति’ रही। तीसरे स्थान पर राजस्थान की झांकी ‘रेगिस्तान की स्वर्णिम छटा: बीकानेर गोल्ड आर्ट (उस्ता कला)’ को चुना गया है। गणतंत्र दिवस समारोह के लिए केंद्रीय लोक निर्माण विभाग (सीपीडब्ल्यूडी) की झांकी ‘वंदे मातरम्: 150 वर्षों का स्मरणोत्सव’ व नृत्य समूह की ‘वंदे मातरम्: भारत की शाश्वत गूंज’ को भी पुरस्कार मिला है।
संजय सेठ ने प्रधानमंत्री द्वारा पीएम एनसीसी रैली 2026 के दौरान युवाओं से की गई अपील को दोहराते हुए कहा कि प्रत्येक युवा को सप्ताह में कम से कम एक घंटा स्वच्छता से जुड़े किसी अभियान को समर्पित करना चाहिए। उन्होंने स्वच्छता को पूरे राष्ट्र की सामूहिक जिम्मेदारी बताते हुए किसी चुने हुए स्थान पर नियमित गतिविधि की योजना बनाने का आह्वान किया। लोगों की राय यानी जनमत के आधार पर केंद्रीय मंत्रालयों व विभागों में से सर्वश्रेष्ठ झांकी स्कूल शिक्षा एवं साक्षरता विभाग की रही। रक्षा राज्यमंत्री ने इस झांकी को भी पुरस्कृत किया। गौरतलब है कि गणतंत्र दिवस परेड 2026 के ये पुरस्कार देश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, सैन्य अनुशासन और आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को सशक्त रूप से प्रतिबिंबित करते हैं।
–आईएएनएस
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