ग्रेटा स्काक्की: अभिनेत्री जिनके साथ शशि कपूर ने किया काम, फिल्म से मिली अंतर्राष्ट्रीय पहचान

नई दिल्ली, 17 फरवरी (आईएएनएस)। एक खूबसूरत अंग्रेज महिला, एक भारतीय नवाब के प्यार और उसके नतीजे पर केंद्रित फिल्म थी साल 1980 के दशक में आई फिल्म ‘हीट एंड डस्ट।’ ब्रिटिश फिल्म, जिसमें ग्रेटा स्कास्की ने अंग्रेज अफसर की बीवी और शशि कपूर ने नवाब का किरदार निभाया था। इसे काफी पसंद किया गया और सात समंदर पार वाली इस अभिनेत्री से भारत रूबरू हुआ।
18 फरवरी को इसी ‘सात समंदर पार वाली अभिनेत्री’ का जन्मदिन है। एक ऐसी अभिनेत्री जिसके हाव-भाव दर्शकों को अपना दीवाना बना देते हैं। इस एक्ट्रेस की फिल्म ‘द मैन फ्रॉम स्नोई रिवर II’ का एक दृश्य है, जो इनकी एक्टिंग की शिद्दत को दर्शाता है। इसमें रेगिस्तान की तपती धूप, दूर तक फैली ऑस्ट्रेलियाई धरती और एक स्त्री के भीतर उठता भावनात्मक द्वंद्व दिखता है। कैमरा जब जेसिका हैरिसन के चेहरे पर ठहरता है, तो शब्दों से अधिक उसकी आंखें कहानी कहती हैं। यह जेसिका थीं—ग्रेटा स्काक्की। बिना मेलोड्रामा के, केवल भावों की सूक्ष्मता से दृश्य को जीवंत कर देना, स्काक्की की पहचान बन गई।
1960 को इटली के मिलान में जन्मी ग्रेटा स्काक्की का बचपन बहुसांस्कृतिक परिवेश में बीता। उनके पिता इतालवी और मां ब्रिटिश थीं। परिवार के ऑस्ट्रेलिया बस जाने के कारण उनकी शिक्षा-दीक्षा वहीं हुई। बाद में वे अभिनय की पढ़ाई के लिए ब्रिटेन चली गईं और प्रतिष्ठित स्कूल से प्रशिक्षण प्राप्त किया। यह औपचारिक प्रशिक्षण उनके अभिनय की बारीकियों में स्पष्ट झलकता है।
स्काक्की को अंतरराष्ट्रीय पहचान हीट एंड डस्ट ने ही दिलाई। इसमें उनके अभिनय ने समीक्षकों का ध्यान खींचा। इस फिल्म में उन्होंने दो अलग-अलग कालखंडों की कहानी के भावनात्मक ताने-बाने को बेहद संतुलन के साथ निभाया। इसके बाद व्हाइट मिस्चीफ में उनकी भूमिका ने उन्हें एक परिपक्व और साहसी अभिनेत्री के रूप में स्थापित किया।
हालांकि हॉलीवुड ने भी उन्हें अपनाया, लेकिन स्काक्की ने केवल व्यावसायिक सफलता के पीछे भागने के बजाय विविध और चुनौतीपूर्ण भूमिकाओं को प्राथमिकता दी। दे प्लेयर (1992) जैसी चर्चित फिल्म में उनका छोटा लेकिन प्रभावी किरदार भी अपना असर छोड़ने में कामयाब रहा। यूरोपीय सिनेमा में उनकी सक्रियता ने उन्हें एक अंतरराष्ट्रीय अभिनेत्री का दर्जा दिया, जो भाषा और संस्कृति की सीमाओं से परे काम करती है।
1996 में आई टेलीफिल्म रस्पुतिन: डार्क सर्वेंट ऑफ डेस्टिनी में उनके अभिनय के लिए उन्हें एमी अवॉर्ड से सम्मानित किया गया। यह उपलब्धि उनके करियर का महत्वपूर्ण पड़ाव थी, जिसने सिद्ध किया कि वे केवल बड़े पर्दे ही नहीं, बल्कि टेलीविजन माध्यम में भी उतनी ही प्रभावशाली हैं।
ग्रेटा स्काक्की की खासियत उनके अभिनय की आंतरिक शक्ति है। वे चरित्र को बाहरी आडंबर से नहीं, बल्कि भावनात्मक गहराई से गढ़ती हैं। उनके चेहरे की सूक्ष्म अभिव्यक्तियां और संवादों की संयमित प्रस्तुति उन्हें उन अभिनेत्रियों की श्रेणी में रखती है जो “अंडरस्टेटेड” अभिनय को कला का रूप देती हैं।
–आईएएनएस
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