एप्पल लागत दबाव के बाद भी दूसरी स्मार्टफोन कंपनियों से कर सकता है बेहतर प्रदर्शन: एक्सपर्ट्स

नई दिल्ली, 31 जुलाई (आईएएनएस)। रिकॉर्ड जून तिमाही नतीजों के बाद इंडस्ट्री एक्सपर्ट्स का मानना है कि मजबूत इकोसिस्टम, बेहतर प्राइसिंग क्षमता और बेहतर ग्राहक आधार के दम पर एप्पल बढ़ती कंपोनेंट लागत के दबाव के बावजूद व्यापक स्मार्टफोन उद्योग की तुलना में बेहतर प्रदर्शन करेगा।
साइबरमीडिया रिसर्च (सीएमआर) में इंडस्ट्री इंटेलिजेंस ग्रुप के प्रमुख प्रभु राम के अनुसार, एप्पल ने जून तिमाही में मजबूत प्रदर्शन किया। आईफोन और मैक से रिकॉर्ड राजस्व और मेमोरी लागत में लगातार बढ़ोतरी के बावजूद मजबूत ग्रॉस मार्जिन ने कंपनी के नतीजों को सहारा दिया।
राम ने कहा, “एप्पल का मजबूत इकोसिस्टम, प्राइसिंग पावर और लॉयल ग्राहक आधार उसे एंड्रॉयड ओईएम कंपनियों पर प्रतिस्पर्धात्मक बढ़त देता है। वहीं, अधिकांश एंड्रॉयड निर्माता बढ़ती कंपोनेंट लागत के बीच मार्जिन बचाने और बिक्री की मात्रा बनाए रखने की दोहरी चुनौती का सामना कर रहे हैं।”
हालांकि, उन्होंने कहा कि इन्वेंट्री मैनेजमेंट और सप्लाई चेन दक्षता के जरिए बढ़ती मेमोरी लागत को संभालने की एप्पल की क्षमता अब सीमित होती जा रही है। साथ ही, सर्विसेज और ग्रेटर चाइना से होने वाली आय पर भी नजर बनाए रखने की जरूरत है।
काउंटरपॉइंट रिसर्च के रिसर्च डायरेक्टर तरुण पाठक ने कहा कि भारत में एप्पल ने एक और रिकॉर्ड राजस्व वाली तिमाही दर्ज की। मैक इस दौरान सबसे बेहतर प्रदर्शन करने वाला उत्पाद रहा, जिसे मैकबुक नियो की मजबूत मांग का लाभ मिला। वहीं, सप्लाई बाधाओं के बावजूद आईफोन 17 सीरीज की मांग भी मजबूत बनी रही।
उन्होंने अनुमान जताया कि कैलेंडर वर्ष 2026 में भारत में एप्पल की बिक्री मात्रा में एकल अंक की वृद्धि होगी, जबकि मूल्य के लिहाज से दोहरे अंक की बढ़ोतरी दर्ज की जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि मेमोरी कीमतों में लगातार बढ़ोतरी के चलते आईफोन की कीमतों में बढ़ोतरी की संभावना काफी अधिक है।
पाठक ने कहा, “मजबूत ग्राहक आधार और सिरी एआई को मिली शुरुआती सकारात्मक प्रतिक्रिया के चलते एप्पल अपने प्रमुख हार्डवेयर उत्पादों की सभी श्रेणियों में उद्योग से बेहतर प्रदर्शन करने की स्थिति में है।”
इस बीच, एप्पल ने जून तिमाही में 109.4 अरब डॉलर का राजस्व दर्ज किया, जो पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में 16 प्रतिशत अधिक है। वहीं, प्रति शेयर डाइल्यूटेड आय 29 प्रतिशत बढ़कर 2.02 डॉलर पर पहुंच गई।
एप्पल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) टिम कुक ने कहा कि सप्लाई चेन से जुड़ी चुनौतियों और विदेशी मुद्रा विनिमय दरों के प्रतिकूल प्रभाव के बावजूद कंपनी ने भारत समेत सभी भौगोलिक क्षेत्रों में जून तिमाही के लिए रिकॉर्ड राजस्व हासिल किया।
इससे पहले अप्रैल में अमेरिका स्थित कंपनी ने घोषणा की थी कि हार्डवेयर इंजीनियरिंग के वरिष्ठ उपाध्यक्ष जॉन टर्नस 1 सितंबर से टिम कुक की जगह मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) का पद संभालेंगे।
वहीं, टिम कुक नई एग्जीक्यूटिव चेयरमैन की भूमिका में कार्य करेंगे, जहां वे वैश्विक नीति-निर्माताओं के साथ संवाद करेंगे और कंपनी के चुनिंदा रणनीतिक मामलों में सहयोग देंगे।
–आईएएनएस
एबीएस