'पेड्डी' का जिक्र कर बोलीं अनु अग्रवाल- एक्टर्स को ‘नहीं’ कहने की हिम्मत रखनी चाहिए, सम्मान सबसे जरूरी


मुंबई, 7 जून (आईएएनएस)। राम चरण- जान्हवी कपूर स्टारर फिल्म ‘पेड्डी’ को लेकर चल विवाद को लेकर निर्देशक बुची बाबू सना ने भले ही माफी मांग ली हो लेकिन आम जन के साथ ही एक्टर्स भी एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री में महिलाओं को केवल ‘दिखावटी’ रूप में पेश करने पर बात करते नजर आ रहे हैं। इसी कड़ी में ‘आशिकी’ फेम पूर्व अभिनेत्री अनु अग्रवाल ने भी अपने विचार साझा किए।

फिल्म ‘पेड्डी’ को लेकर चल रहे विवाद पर अनु अग्रवाल ने प्रतिक्रिया दी है। इंस्टाग्राम पर पोस्ट करते हुए उन्होंने कहा कि यह विवाद उन्हें 30 साल पहले लिए गए अपने फैसले की याद दिलाता है।

अनु अग्रवाल ने लिखा, “पेड्डी को लेकर चल रही चर्चा ने मुझे बहुत पहले लिए गए एक फैसले की याद दिला दी। मैं आज के दर्शकों की तारीफ करती हूं कि वे आवाज उठा रहे हैं और महिलाओं के किरदार में ज्यादा सम्मान की मांग कर रहे हैं। जिम्मेदारी सिर्फ दर्शकों की नहीं और न ही सिर्फ फिल्ममेकर्स की। यह हम एक्टर्स की भी जिम्मेदारी है।”

उन्होंने आगे बताया, “‘आशिकी’ के बाद मैंने फैसला किया था कि कोई भी फिल्म साइन करने से पहले पूरी कहानी सुनूंगी। उस समय महिलाओं को सिर्फ वस्तु की तरह दिखाना आम बात थी। मैंने उस चलन के खिलाफ काम करने का फैसला किया। जो फिल्में मैंने कीं, वे इसी फैसले का सबूत हैं। कई मायनों में यही वजह थी कि मैं फिल्मों से दूर हो गई।”

अनु अग्रवाल ने यंग एक्टर्स से अपील की कि वे पहले स्क्रिप्ट ध्यान से सुनें, सवाल पूछें और अगर कोई चीज सम्मान से समझौता करती है तो ‘ना’ कहने की हिम्मत रखें। उन्होंने कहा कि कहानियां तब बदलेंगी जब दर्शक बेहतर की मांग करेंगे, लेकिन तब भी बदलेंगी जब एक्टर्स ऐसी चीजों में हिस्सा लेने से इनकार कर देंगे।

राम चरण और जान्हवी कपूर की फिल्म ‘पेड्डी’ रिलीज के बाद से विवादों में घिर गई है। फिल्म में जान्हवी कपूर के किरदार ‘अचियम्मा’ के कुछ दृश्यों को ऑब्जेक्टिफिकेशन (महिलाओं का वस्तुकरण) बताया गया। सोशल मीडिया पर इसे लेकर खूब आलोचना हुई, खासकर जान्हवी के सीन को लेकर। विवाद बढ़ने पर फिल्म के डायरेक्टर बुची बाबू सना ने शनिवार को पोस्ट कर माफी मांगी और विवादित दृश्यों को एडिट करने का ऐलान किया।

डायरेक्टर ने कहा कि उनका मकसद कभी किसी महिला पात्र का अपमान करना नहीं था लेकिन अगर दर्शक असहज महसूस कर रहे हैं तो वे उसका सम्मान करते हैं।

–आईएएनएस

एमटी/पीएम


Show More
Back to top button