ऊर्जा सुरक्षा, समुद्री निगरानी और फिजी पोर्ट प्रोजेक्ट पर क्वाड का फोकस : पेनी वोंग

नई दिल्ली, 26 मई (आईएएनएस)। नई दिल्ली में मंगलवार को क्वाड विदेश मंत्रियों की बैठक के बाद मीडिया को संबोधित करते हुए ऑस्ट्रेलिया की विदेश मंत्री पेनी वोंग ने बताया कि क्वाड नई पहल शुरू कर रहा है। इनमें ऊर्जा सुरक्षा पहल, महत्वपूर्ण खनिजों पर काम और फिजी में बंदरगाह इंफ्रास्ट्रक्चर को समर्थन देना शामिल है।
वोंग ने कहा, “हमारी हर बैठक में हमारा ध्यान इस बात पर रहा है कि हम सिर्फ बातें न करें बल्कि ऐसे नतीजे दें जो वास्तव में लोगों के लिए फायदेमंद हों। जैसा कि विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने कहा, हम अपनी जिम्मेदारी समझते हैं कि इंडो-पैसिफिक क्षेत्र के देशों को सही और भरोसेमंद विकल्प मिलें। खासकर ऐसे समय में जब इस क्षेत्र की रणनीतिक स्थिति लगातार चुनौतीपूर्ण होती जा रही है। यह इलाका इस समय गंभीर आर्थिक दबाव का सामना कर रहा है।”
उन्होंने कहा कि हम जानते हैं कि दुनिया पहले से ज्यादा अनिश्चित हो गई है। आर्थिक अस्थिरता बढ़ रही है। होर्मुज स्ट्रेट को बंद किए जाने के असर को भी हम समझते हैं और इसका हमारी ऊर्जा सुरक्षा, अर्थव्यवस्था और लोगों पर क्या प्रभाव पड़ेगा, यह भी जानते हैं। हम अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो के उन प्रयासों की सराहना करते हैं जो समुद्री मार्गों की आजादी बनाए रखने और जरूरी ऊर्जा सप्लाई जारी रखने के लिए कूटनीतिक समाधान खोजने पर केंद्रित हैं।
उन्होंने कहा कि हम नौवहन की स्वतंत्रता के सिद्धांत को बेहद महत्वपूर्ण मानते हैं और किसी भी तरह के टोल लगाने के प्रस्ताव का विरोध करते हैं। आज क्वाड कई नई पहलों को आगे बढ़ा रहा है, जिनमें ऊर्जा सुरक्षा पहल और क्रिटिकल मिनरल्स पर लगातार काम शामिल है क्योंकि हम समझते हैं कि सुरक्षित और भरोसेमंद सप्लाई चेन आर्थिक और रणनीतिक स्थिरता के लिए बेहद जरूरी है।
पेनी वोंग ने कहा कि क्वाड देश हिंद महासागर में समुद्री निगरानी प्रयासों और एक्सरसाइज ‘मालाबार’ में आपसी तालमेल बढ़ाएंगे। उन्होंने बताया कि क्वाड देश ‘डोमेन अवेयरनेस इनिशिएटिव’ को अब हिंद महासागर तक बढ़ा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि आज हम प्रशांत क्षेत्र के लिए क्वाड की अब तक की सबसे मजबूत प्रतिबद्धता की भी घोषणा कर रहे हैं। इसके तहत ‘क्वाड पोर्ट्स ऑफ द फ्यूचर पार्टनरशिप’ के जरिए फिजी में बंदरगाह इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए एक पायलट प्रोजेक्ट शुरू किया जा रहा है।
इसके अलावा, हम इंडो-पैसिफिक क्षेत्र को ज्यादा पारदर्शी और सुरक्षित समुद्री क्षेत्र बनाने पर भी काम कर रहे हैं। इसी सोच के तहत हम शुरुआत में हिंद महासागर और एक्सरसाइज मालाबार के दौरान अपनी समुद्री निगरानी गतिविधियों में तालमेल बढ़ाएंगे।
साथ ही, हम डोमेन अवेयरनेस इनिशिएटिव को हिंद महासागर तक विस्तार दे रहे हैं। इससे साझेदार देशों को लगभग रियल-टाइम में बिना गोपनीयता वाली सैटेलाइट ट्रैकिंग जानकारी मिल सकेगी, जिससे अवैध मछली पकड़ने, तस्करी और मानवीय आपदाओं के दौरान राहत कार्यों में मदद मिलेगी। उन्होंने घोषणा की कि क्वाड देश खासकर दक्षिण-पूर्व एशिया में चल रहे ऑनलाइन स्कैम सेंटरों के खिलाफ मिलकर काम करेंगे।
पेनी वोंग ने कहा, “मैं यह भी बताना चाहती हूं कि अब तक हमने कई ठोस नतीजे दिए हैं। उदाहरण के तौर पर, हम मिलकर सभी पैसिफिक आइलैंड फोरम देशों तक अंडरसी केबल पहुंचा रहे हैं, जिससे वहां आर्थिक अवसर बढ़ेंगे। साथ ही, हम खासकर दक्षिण-पूर्व एशिया में स्कैम सेंटरों के खिलाफ सहयोग मजबूत कर रहे हैं, कानून लागू करने वाली एजेंसियों की क्षमता बढ़ा रहे हैं और साइबर सहयोग को और गहरा कर रहे हैं।”
उन्होंने कहा कि ये सिर्फ कुछ उदाहरण हैं जिन पर क्वाड देश मिलकर काम कर रहे हैं। हम जानते हैं कि साथ मिलकर काम करने पर हम ज्यादा मजबूत बनते हैं। हम अपने क्षेत्र के देशों के साथ साझेदारी में बेहतर तरीके से काम कर सकते हैं और उनकी जरूरतों को सुनकर ऐसे व्यावहारिक नतीजे दे सकते हैं जो लोगों की जिंदगी में वास्तविक बदलाव लाएं।
–आईएएनएस
एवाई/पीएम