‘स्वच्छ खेल के लिए भारत प्रतिबद्ध’, वाडा प्रमुख से मुलाकात के बाद मांडविया

नई दिल्ली, 15 अप्रैल (आईएएनएस)। केंद्रीय खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने बुधवार को विश्व एंटी-डोपिंग एजेंसी के अध्यक्ष विटोल्ड बांका से मुलाकात के बाद कहा कि भारत स्वच्छ खेल (क्लीन स्पोर्ट) को बढ़ावा देने और एंटी-डोपिंग तंत्र को मजबूत करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
मांडविया ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर बैठक की जानकारी साझा करते हुए लिखा कि नई दिल्ली में वाडा अध्यक्ष के साथ उनकी बेहतरीन मुलाकात हुई। उन्होंने कहा, “प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत स्वच्छ खेल की मजबूत संस्कृति विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध है, जहां प्रतिस्पर्धा की वास्तविक भावना सुरक्षित रहे।”
वहीं, वाडा प्रमुख बांका ने भी सहयोग बढ़ाने की जरूरत पर जोर देते हुए कहा कि भारत में एंटी-डोपिंग प्रयासों को आगे बढ़ाने और वैश्विक मानकों के अनुरूप प्रभावी क्रियान्वयन पर चर्चा हुई। उन्होंने कहा कि खेलों की निष्पक्षता बनाए रखने के लिए निरंतर प्रगति और सख्त अमल जरूरी है।
इससे पहले बांका ने भारत की प्रमुख जांच एजेंसी केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो के वरिष्ठ अधिकारियों से भी मुलाकात की। उन्होंने बताया कि ग्लोबल एंटी-डोपिंग इंटेलिजेंस एंड इन्वेस्टिगेशन नेटवर्क के तहत संगठित डोपिंग और उससे जुड़े आपराधिक नेटवर्क से निपटने के लिए कानून प्रवर्तन एजेंसियों के साथ करीबी सहयोग पर जोर दिया गया।
गौरतलब है कि वैश्विक एंटी-डोपिंग आंकड़ों में भारत पिछले साल चिंताजनक मामलों में शामिल रहा। वाडा की एक दशक लंबी स्टडी में भारत दूसरे स्थान पर रहा। साथ ही, लगातार तीसरे वर्ष देश में डोपिंग उल्लंघनों की संख्या सबसे अधिक दर्ज की गई।
आंकड़ों के अनुसार, 3.6 प्रतिशत पॉजिटिविटी रेट के साथ भारत में 260 ‘एडवर्स एनालिटिकल फाइंडिंग्स’ (एएएफ) सामने आए, जो प्रमुख खेल देशों में सबसे ज्यादा हैं।
मांडविया पहले भी स्पष्ट कर चुके हैं कि डोपिंग के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। हाल ही में संसद में उन्होंने कहा था कि एंटी-डोपिंग व्यवस्था को मजबूत करने के लिए राष्ट्रीय एंटी-डोपिंग एजेंसी की जांच क्षमता बढ़ाई जा रही है और इसमें सीबीआई जैसी एजेंसियों का सहयोग लिया जा रहा है।
–आईएएनएस
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